25 दिसंबर 2011 - 20:30

यमनी जनता ने अमरीकी राजदूत को देश से निकालने की मांग की है.....

यमनी जनता ने अमरीकी राजदूत को देश से निकालने की मांग की है।

प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार कल राजधानी सनआ में पूर्व सांसदों की ओर से जारी बयान के पश्चात कि जिसमें अमरीकी राजदूत जेरल्ड फ़िअर्स्टेन से यमनी जनता विशेष रूप से तइज़ वासियों से क्षमा मांगने की मांग की गयी, जनता सड़कों पर निकली। शनिवार को अमरीकी राजदूत फ़िअर्स्टन ने सनआ में संवाददाता सम्मेलन में तइज़ से सनआ तक हुए लोकप्रिय मार्च को अशांत बताया और कहा कि इस मार्च ने अराजकता पैदा करने का प्रयास किया और सुरक्षा बलों को हिंसक प्रतिक्रिया के लिए उकसाया। ज्ञात रहे सनआ से 322 किलोमीटर दूरी पर स्थित तइज़ से दसियों हज़ार की संख्या में यमनवासी शनिवार को सनआ पहुंचे थे। जीवन के लिए मार्च नामक इस लोकप्रिय मार्च में शामिल जनता ने यमन में जनवरी महीने से शासन के विरुद्ध आरंभ हुयी जनक्रान्ति में अब तक मारे जाने वालों में सालेह और उसके घटकों की भूमिका के कारण उनके विरुद्ध मुक़द्दमा चलाने की मांग की। सालेह के समर्थक सैनिकों ने इस मार्च में शामिल जनता के साथ झड़प में तेरह व्यक्तियों को हताहत कर दिया। यमनी सांसदों ने अपने बयान में कहा कि अमरीकी राजदूत के ग़ैर ज़िम्मेदाराना बयान की सांसद निंदा करते हैं जिसके कारण शांतिपूर्ण मार्च पर शासन ने आक्रमण का दुस्साहस किया।

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